Nautapa News: प्रचंड गर्मी वाले नौ दिन आज से शुरू, कई जगह तापमान 50 के करीब पहुंचने की संभावना…ऐसे रखें खयाल
प्रचंड गर्मी वाले नौ दिन आज से शुरू, कई जगह तापमान 50 के करीब पहुंचने की संभावना…ऐसे रखें खयाल

बैतूल। इन दिनों पूरे उत्तर भारत में गर्मी के चलते लोग बेहाल हो रहे हैं. कई राज्यों के लिए मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है. फिलहाल आपको इस गर्मी से राहत बिल्कुल नहीं मिलने वाली है क्योंकि आज से प्रचंड गर्मी वाले नौ दिन यानी नौतपा शुरू हो गए हैं. नौतपा 25 मई से शुरू होकर 2 जून तक चलेगा. इन नौ दिनों में आसमान से आग बरसेगी.
नौतपा के दौरान क्यों बढ़ती है गर्मी?
वैज्ञानिक दृष्टि से देखें तो सूर्य की स्थिति बदलने के चलते मई के आखिर और जून के पहले हफ्ते में सूर्य मध्य भारत के ऊपर आ जाता है. इस दौरान सूर्य और पृथ्वी के बीच की दूरी सबसे कम हो जाती है. सूर्य की किरणें सीधे धरती पर पड़ती हैं और प्रचंड गर्मी पड़ती है. इन दिनों में लोगों को सेहत के प्रति सचेत रहने की सलाह दी जाती है.
इन राज्यों के लिए रेड अलर्ट जारी
बता दें कि इन दिनों भीषण गर्मी से उत्तर भारत के तमाम राज्यों में बुरा हाल है. दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात में तापमान 45 से ऊपर पहुंच चुका है. लू के प्रकोप से लोगों का घर से बाहर निकलना भी मुश्किल हो रहा है. इन राज्यों के लिए मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है. सबसे बुरा हाल राजस्थान का है. बाड़मेर में गुरुवार 23 मई को तापमान 48 डिग्री पार कर गया.
भीषण गर्मी में ऐसे रखें खयाल
भीषण गर्मी के दिनों में शरीर में पानी की कमी नहीं होने देना चाहिए. इसलिए दिनभर में कम से कम 4 से 5 लीटर पानी हर हाल में पीएं.
छाछ, दही, लस्सी, नारियल पानी, नींबू की शिकंजी वगैरह ज्यादा से ज्यादा लिक्विड डाइट लें ज्यादा से ज्यादा फलों का सेवन करें.
तेज धूप में घर से बाहर निकलने में परहेज करें. घर से निकलना पड़े तो पानी पीकर ही निकलें और साथ में पानी की बोतल जरूर रखें.
शरीर को पूरी तरह से कवर रखें. अपने सिर को खासतौर पर अच्छी तरह से कवर करें. आंखों पर सनग्लासेज का इस्तेमाल करें.
धूप से आने के तुरंत बाद पानी बिल्कुल न पीएं. फ्रिज के ठंडे पानी की बजाय मटके का ठंडा पानी पीएं.
तेज मसालेदार और तेलयुक्त चीजों को खाने से परहेज करें. बाहरी फास्टफूड और जंक फूड को अवॉयड करें.
खाना उतना ही बनाएं, जितना घर में खाया जाए. इस बीच बासा भोजन बिल्कुल न करें और एकदम हल्का और सुपाच्य भोजन खाएं.
किसी भी तरह की परेशानी होने पर लापरवाही न करें. विशेषज्ञ से परामर्श करें.
