Bank Fraud:बैतूल में महाराष्ट्र बैंक मुलताई शाखा में लाखों की धोखाधड़ी: व्यापारी के खाते से रकम गायब, किशोर पवार और बैंक मैनेजर पर मिलीभगत का आरोप
बैतूल में महाराष्ट्र बैंक मुलताई शाखा में लाखों की धोखाधड़ी: व्यापारी के खाते से रकम गायब, किशोर पवार और बैंक मैनेजर पर मिलीभगत का आरोप

बैतूल, मध्यप्रदेश: मध्यप्रदेश के बैतूल जिले के मुलताई कस्बे में बैंक ऑफ महाराष्ट्र की शाखा से एक सनसनीखेज धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एक स्थानीय व्यापारी के कैश क्रेडिट (सीसी) खाते से लाखों रुपये की राशि बिना अनुमति के निकालकर किसी अन्य करंट अकाउंट में ट्रांसफर कर दी गई। पीड़ित ने इस धोखाधड़ी के लिए किशोर पवार और शाखा प्रबंधक की मिलीभगत का आरोप लगाया है। इस घटना ने न केवल व्यापारी समुदाय में हड़कंप मचा दिया है, बल्कि बैंकों में जमा राशि की सुरक्षा पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
क्या है पूरा मामला?
पीड़ित व्यापारी के अनुसार, उनके सीसी खाते से बिना उनकी जानकारी या सहमति के एक बड़ी राशि अवैध रूप से निकाली गई। यह राशि किसी अन्य करंट अकाउंट में स्थानांतरित कर दी गई। व्यापारी का दावा है कि इस लेनदेन के लिए न तो कोई चेक जारी किया गया, न ही कोई आधिकारिक अनुमति ली गई। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि बैंक ने इस बड़े लेनदेन से पहले पीड़ित को कोई सूचना, एसएमएस, या कन्फर्मेशन कॉल नहीं की। व्यापारी को तब पता चला जब उन्होंने अपने खाते की जांच की और राशि गायब पाई।
बैंक प्रबंधन की चुप्पी, जवाबदेही पर सवाल
जब पीड़ित ने बैंक प्रबंधक से इस मामले में स्पष्टीकरण मांगा, तो उन्हें गोलमोल जवाब देकर टाल दिया गया। बैंक प्रबंधन ने इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। सूत्रों के अनुसार, बैंक ने आंतरिक जांच शुरू करने का दावा किया है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। जांच के नाम पर केवल कागजी कार्रवाई को आगे बढ़ाया जा रहा है, जिससे पीड़ित और स्थानीय व्यापारी समुदाय में नाराजगी बढ़ रही है।धोखाधड़ी की शिकायत स्थानीय पुलिस थाने में दर्ज कराई गई, लेकिन अब तक कोई प्राथमिकी (FIR) दर्ज नहीं हुई है। मुलताई थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की प्रारंभिक जांच चल रही है और जल्द ही उचित कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, पुलिस की इस सुस्ती से पीड़ित व्यापारी और स्थानीय लोग असंतुष्ट हैं। उनका कहना है कि इस तरह के गंभीर मामले में त्वरित कार्रवाई होनी चाहिए थी, ताकि दोषियों को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।
