Betul News:क्या यही कानून का व्यवहार है साहब? एसडीओपी ने छात्रा को धक्का दिया, शिक्षक से की अभद्रता!
क्या यही कानून का व्यवहार है साहब? एसडीओपी ने छात्रा को धक्का दिया, शिक्षक से की अभद्रता!

बैतूल, बैतूल में स्थित एलएफएस स्कूल में अखिल भारतीय परिषद (एबीपी) की छात्राओं ने लगभग 4 घंटे तक प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन स्कूल प्रशासन द्वारा कुछ बच्चों को कलाई पर कलाव और टीका लगाकर स्कूल नहीं आने देना का विरोध प्रदर्शन चल रहा था एबीपी छात्राओं का एलएफएस स्कूल में 4 घंटे चले प्रदर्शन के दौरान जहां प्रशासनिक अधिकारियों ने संवेदना रखी तो वही अनु विभाग के साहब ने अपनी मर्यादा को ताक पर रखते हुए आंदोलन कर रही बालिका छात्र को धक्का दिया इतना ही नहीं स्कूल स्टॉप में मौजूद शिक्षक को भी गाली दे दी जिसका विरोध शिक्षक द्वारा किया गया हालांकि आंदोलन एक कलावा और टीका लगाने को लेकर एबीपी के छात्राओं ने किया था छात्राओं का आरोप था कि एलएफएस स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को कलाव और टीका लगाकर स्कूल आने के लिए मना किया गया था जिसकी सूचना मिलते ही एबीपी छात्राओं ने स्कूल परिषद में जाकर जमकर नारेबाजी की ओर दो बार हनुमान चालीसा भी पड़ी वहीं प्रशासन के खिलाफ भी नारेबाजी की गई हालांकि यह तो एक विरोध प्रदर्शन था लेकिन वही एक और बात अब सुर्खियां बटोर रही है की प्रशासनिक अधिकारी में वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे जो कि दोनों ही पक्ष को समझने में लगे थे
लेकिन बैतूल एसडीओपी सुनील लाटा अपने आप को वरिष्ठ अधिकारियों से ऊपर समझ बैठे और शिक्षक को गाली दे दी इतना ही नहीं विरोध कर रही छात्रा को भी धक्का दे दिया अब सवाल या उठना है कि क्या एसडीओपी सुनील लाटा को यह नहीं पता कि आम नागरिकों से कैसे व्यवहार करना पड़ता है। साहब क्या यही कानून का व्यवहार है! जिस तरह से एसडीओपी ने छात्रा को धक्का दिया वही शिक्षक से अभद्रता की क्या कोई करवाई होगी या यूंही तानाशाही रवैया चलते रहेगा!
