Betul News:बैतूल के सदर इलाके में अवैध शराब कारखाने का भंडाफोड़ रेल्वे की जमीन पर चल रहा था अवैध शराब का कारोबार
बैतूल के सदर इलाके में अवैध शराब कारखाने का भंडाफोड़ रेल्वे की जमीन पर चल रहा था अवैध शराब का कारोबार

बैतूल :-जिला मुख्यालय पर रेलवे की जमीम पर कच्ची शराब बनाये जाने के लिए जमीन के अंदर दबा कर रखा गया हजारों किलो महुआ लाहन जब्त किया गया है। खास बात ये है कि इसी सड़क से निकल रहे कलेक्टर नरेंद्र कुमार सुर्यवंशी को अचानक चलती गाड़ी में महुये की खुशबू आई और उन्होंने नीचे उतरकर पहले स्थिति का जायजा लिया संतुष्ट होने के बाद उन्होंने मौके पर ही पुलिस, राजस्व और आबकारी के अमले को तलब कर लिया। तीनो विभागों के करीब दो दर्जन अधीकारियों और कर्मचारियों ने तलाश शुरू की तो रेलवे की जमीन पर गड्ढे खोदकर प्लास्टिक की कोठियों में भरकर रखा हुआ हजारों किलो महुआ लाहन खोदकर बाहर निकाल लिया गया जिसे कच्ची शराब बनाये जाने के काम मे लिया जाता है। पुलिस शक के आधार पर आरोपी की शिनाख्त के प्रयास कर रही है। लाहन इतने शातिराना तरीके से जमीन में गाड़ा गया था कि ऊपर से यह आसानी से दिखाई ना दे लेकिन जब अधीकारियों ने काफी बारीकी से खोज बिन शुरू की तो थोड़ी थोड़ी दूरी पर कुल 9 गड्ढे मिल गए जिनमे रखा हुआ करीब 900 किलो महुआ बरामद कर लिया गया। आश्चर्य इस बात का है। कि जिला मुख्यालय पर इतने बड़े पैमाने पर महुआ शराब बनाये जाने का कारोबार अंजाम दिया जा रहा था और स्थानीय आबकारी अमले को इसकी भनक तक नहीं थी। पुलिस ने यहां से एक बलेनो कार भी जब्त की है। जो रेलवे की ही जमीन पर अतिक्रमण कर बनाये गए गैरेज में रखी हुई थी।

हालांकि पुलिस ने अभी तक किसी के भी खिलाफ प्रकरण दर्ज नहीं किया है। वही पुलिस ने इस मामले में दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है। फिलहाल शराब और महुआ लहान का जखीरा बरामद किया गया है, और शराब बनाने वाले आरोपियों की तलाश की जा रही है। इसके साथ ही बस्ती के सरगना की कार भी जब्त कर ली गई है। यहां तक कि रेलवे की जमीन पर इस तरह का अवैध कारखाना संचालित होने के बावजूद रेलवे के अधिकारियों ने अभी तक कोई ठोस जांच नहीं की है।
अवैध गतिविधियों का केंद्र: सिकलीगर सरदारों की बस्ती
यह बस्ती लंबे समय से अपराधों का गढ़ रही है। बस्ती के अधिकांश लोगों पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि प्रशासन और पुलिस इस छोटे से अंडरवर्ल्ड पर किस तरह की कार्रवाई करते हैं और आगे क्या कदम उठाए जाते हैं इसकी जांच की जा रही है।
