Betul News:नरहरि साहब… काश आप अपने विभाग की नाकामी भी देख पाते नाकाम साबित हुई सरकार की महत्वाकांक्षी नल जल योजना
सरकार जरा हमारी भी सुनो गुहार!घोघराढाना में पानी की विकराल समस्या
नरहरि साहब… काश आप अपने विभाग की नाकामी भी देख पाते नाकाम साबित हुई सरकार की महत्वाकांक्षी नल जल योजना

बैतूल। सरकार की महत्वाकांक्षी योजना नल जल योजना गर्मी के दिनों में ग्रामीणों को राहत देने में नाकाम साबित हुई हैं। गर्मी बढ़ते ही पानी की खपत भी बढ़ जाती है। ऐसे में पानी की समस्या होना आम बात है। लेकिन, विकासखंड आठनेर के घोघराढाना गांव में पानी की समस्या से जूझते हुए भयानक तस्वीर सामने आई है। गांव में उचित पेयजल की व्यवस्था नहीं होने से ग्रामीणों को कुए बावलियों पर निर्भर होना पड़ रहा हैं।सरपंच और सचिव का इस मुद्दे पर कोई ध्यान नहीं है।

ग्रामीणों ने कई बार आपत्ति जताई है, लेकिन कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीणों के अनुसार घोघराढाना गांव वडाली पंचायत के अंतर्गत आता है। नल जल हेतु पीएचई विभाग द्वारा पानी की टंकी का निर्माण लगभग एक वर्ष से किया जा रहा है, लेकिन आज तक यह पूरा नहीं हुआ है। इस स्थिति में, ग्रामीणों को पानी की बाधा से निपटने के लिए अत्यधिक संघर्ष करना पड़ रहा है। ग्रामीण खुद ही कुएं की साफ सफाई कर पेयजल की व्यवस्था करने में जुटे हुए हैं। इस अव्यवस्था से गांव की आर्थिक, सामाजिक, और स्वास्थ्य स्थिति प्रभावित हो रही है।
पानी की टंकी के निर्माण में देरी होने के कारण, ग्रामीणों को अब तक पर्याप्त पानी का समाधान नहीं मिला है। इस स्थिति में, ग्रामीणों का हाहाकार सुनाई दे रहा है। वे निरंतर सरकार और अधिकारियों को अपनी समस्या को सुनाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली है। टंकी निर्माण कार्य में हो रही देरी के कारण, उन्हें रोज़मर्रा की जिंदगी में बड़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी अधिकारियों को इस मामले पर गंभीरता से ध्यान देना और तत्काल कार्रवाई करना चाहिए। प्राथमिकता देकर निर्माण कार्य को पूरा किया जाना चाहिए ताकि ग्रामीणों को उनकी आवश्यकता का पानी समय पर मिल सके।
इधर साहब के दौरे का हो रहा प्रचार

शासकीय जानकारी में बताया गया है कि शुक्रवार को लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के प्रमुख सचिव पी.नरहरि ने बैतूल जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत जल योजनाओं का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ग्रीष्मकाल में पेयजल के चल रहे कार्यों को मौके पर जाकर देखा।
उन्होंने कहा कि ग्रीष्म काल को देखते हुए पेयजल आपूर्ति के सभी आवश्यक प्रबंध किए गए है। मैदानी अमले को पाइप लाइन के छोटे-छोटे लीकेज एवं पुराने पाइप लाइन को बदलने की कार्रवाई के निर्देश दिए।श्री नरहरि ने ग्रीष्मकाल में जमीनी अमले को पेयजल आपूर्ति निर्बाध बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा सूखे एवं खराब हैण्डपंप को तुरंत दुरूस्त करें। कुएं बावडिय़ों की साफ-सफाई कर आमजन को पीने योग्य पानी उपलब्ध कराएं। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि पानी की व्यर्थ बर्बादी को रोके। पेयजल की बचत पेयजल का सबसे बड़ा स्त्रोत है। पेयजल आपूर्ति निर्वाध बनी रहे इसके लिए जरूरी है कि जल कर जमा करें।लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी सचिव श्री नरहरि ने बैतूल जिले के ग्राम सलिमेट, अर्जुन गोदी एवं राठीपुर का निरीक्षण किया। इस अवसर पर अधीक्षक यंत्री, कार्यपालन यंत्री, जल विभाग के मुख्य महाप्रबंधक एवं प्रबंधक सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
